इतनी जल्दी क्यों ? Apple के 15 डिवाइस मार्केट से बाहर !

एप्पल ने एक चौंकाने वाले फैसले में 2024 और 2025 में लॉन्च हुए iPhone 16e और M4/M5 मैकबुक समेत अपने 15 लेटेस्ट प्रोडक्ट्स की बिक्री अचानक बंद कर दी है।

इतनी जल्दी क्यों ? Apple के 15 डिवाइस मार्केट से बाहर !

एप्पल का बड़ा फैसला: लॉन्च के कुछ महीनों बाद ही बंद किए 15 प्रोडक्ट्स

दिग्गज टेक कंपनी एप्पल ने अपनी प्रोडक्ट लाइनअप में एक ऐसी बड़ी कटौती की है जिसने पूरी दुनिया के टेक एक्सपर्ट्स को हैरान कर दिया है। कंपनी ने कुल 15 प्रोडक्ट्स की बिक्री आधिकारिक तौर पर बंद करने का फैसला लिया है। सबसे ज्यादा चौंकाने वाली बात यह है कि इनमें से कई डिवाइस हाल ही में यानी साल 2024 और 2025 में ही बाजार में उतारे गए थे।

नए मॉडल्स पर गिरी गाज

आमतौर पर एप्पल अपने पुराने मॉडल्स को नए वर्जन आने के बाद हटाता है, लेकिन इस बार कहानी अलग है। iPhone 16e जैसा हालिया मॉडल और 13 व 11 इंच वाले iPad Air M3 (2025) अब आधिकारिक स्टोर पर उपलब्ध नहीं होंगे। इसके अलावा, 13 और 15 इंच के MacBook Air M4 (2024) को भी लाइनअप से बाहर कर दिया गया है।

एप्पल के इस कदम से उन ग्राहकों के बीच काफी चर्चा है जिन्होंने हाल ही में ये डिवाइस खरीदे थे। यह फैसला दर्शाता है कि एप्पल अब अपनी इन्वेंट्री और चिपसेट ट्रांजिशन को लेकर पहले से कहीं ज्यादा सख्त और तेज हो गया है।

मैकबुक और मैक स्टूडियो में बड़ा बदलाव

मैकबुक लवर्स के लिए भी यह खबर किसी झटके से कम नहीं है। M4 Pro और M4 Max चिपसेट वाले 14 और 16 इंच के MacBook Pro (2024) को बंद कर दिया गया है। यहाँ तक कि M5 चिप वाला 13 इंच का MacBook Pro और Mac Studio M3 Ultra जैसे पावरफुल डिवाइस भी अब एप्पल की लिस्ट से बाहर हैं।

विशेषज्ञों का मानना है कि एप्पल शायद अपनी नई चिप टेक्नोलॉजी के अगले चरण की ओर तेजी से बढ़ रहा है या फिर वो अपने लाइनअप को कम और ज्यादा प्रभावशाली बनाना चाहता है।

एक्सेसरीज और डिस्प्ले का अंत

केवल गैजेट्स ही नहीं, बल्कि एप्पल के प्रीमियम डिस्प्ले सेगमेंट में भी बड़ी कटौती देखी गई है। 2019 में लॉन्च हुआ Pro Display XDR और उससे जुड़ी एक्सेसरीज जैसे Pro Stand और VESA Mount Adapter की बिक्री अब बंद हो गई है। इसके साथ ही, A13 Bionic चिप वाला Studio Display (2022) भी अब इतिहास का हिस्सा बन गया है।

क्या हो सकती है इस फैसले की वजह?

यद्यपि एप्पल ने आधिकारिक तौर पर कोई विस्तृत कारण नहीं बताया है, लेकिन इसके पीछे कुछ प्रमुख वजहें मानी जा रही हैं:

  • चिपसेट अपग्रेड: कंपनी अपने लेटेस्ट चिपसेट को सभी डिवाइस में एक मानक (Standard) बनाना चाहती है।

  • लाइनअप को सरल बनाना: एप्पल के पास वर्तमान में इतने ज्यादा मॉडल्स हो गए थे कि ग्राहकों के लिए चुनाव करना मुश्किल हो रहा था।

  • सप्लाई चेन और लागत: कम बिकने वाले या बहुत अधिक स्पेसिफिकेशन्स वाले मॉडल्स को हटाकर कंपनी अपनी मैन्युफैक्चरिंग लागत कम कर सकती है।